नई दिल्ली। ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत ने अपना पहला पदक जीत लिया है। बिहार के नालंदा निवासी पैरा पावरलिफ्टर झंडू कुमार ने पुरुष हेवीवेट वर्ग में 190 किलोग्राम की सर्वश्रेष्ठ लिफ्ट और 130.9 अंक के साथ ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया। नाइजीरिया के रिलुवान इदरीस ने गोल्ड और इंग्लैंड के मैथ्यू हार्डिंग ने सिल्वर मेडल जीता। बचपन से पोलियो से प्रभावित झंडू ने आर्थिक कठिनाइयों के बीच पिता के साथ सब्जियां बेचने और ई-रिक्शा चलाने से लेकर कॉमनवेल्थ पोडियम तक का सफर तय किया। उन्होंने 2023 में राष्ट्रीय चैंपियनशिप खेलने के लिए अपना ई-रिक्शा तक बेच दिया था, जिसके बाद उन्हें SAI में प्रशिक्षण मिला। दूसरी ओर, पैरा पावरलिफ्टिंग में सुधीर छठे स्थान पर रहे, जबकि कस्तूरी राजामणि कोई सफल लिफ्ट दर्ज नहीं कर सकीं। बॉक्सिंग में जादुमणि सिंह ने स्कॉटलैंड के आरोन कुलेन को 5-0 से हराकर राउंड ऑफ-16 में जगह बनाई। लॉन बॉल्स में पुतुल सोनोवाल ने लगातार दूसरी जीत दर्ज की, जबकि जिम्नास्टिक्स और स्विमिंग में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन मिला-जुला रहा। अब तीसरे दिन भारत की नजर जिम्नास्टिक्स, बॉक्सिंग, लॉन बॉल्स, 3×3 व्हीलचेयर बास्केटबॉल और स्विमिंग में पदकों पर रहेगी।
कॉमनवेल्थ में भारत का खाता खुला, बिहार के झंडू कुमार ने जीता ब्रॉन्ज मेडल




