गुरुग्राम। सिलोखरा स्थित अपर्णा आश्रम की जमीन और बाबा के नाम का इस्तेमाल कर निवेश के नाम पर करोड़ों रुपये ठगने वाले गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, आरोपियों ने फर्जी रियल एस्टेट परियोजनाओं का झांसा देकर और जाली दस्तावेजों के आधार पर निवेशकों से भारी रकम वसूली, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अशोक चौधरी और चंद्रकांत चौधरी के रूप में हुई है, जिन्हें आर्थिक अपराध शाखा ने नोएडा से पकड़ा, जांच में सामने आया कि आरोपियों ने अपनी कंपनी के माध्यम से अपर्णा आश्रम और वैशाली क्षेत्र में परियोजनाओं का झूठा दावा कर निवेश कराया, जबकि जमीन पहले से विवादित थी और सरकारी कब्जे में थी, इसके बावजूद उन्होंने फर्जी एग्रीमेंट और दस्तावेज दिखाकर लोगों को गुमराह किया और करोड़ों रुपये हड़प लिए, पीड़ित से ही करीब 5 करोड़ 50 लाख रुपये लिए गए जिनमें से एक करोड़ रुपये कंपनी के खाते में ट्रांसफर कर आपस में बांट लिए गए, पुलिस के अनुसार आरोपियों ने निवेशकों को बड़े मुनाफे का लालच दिया लेकिन न कोई वैध समझौता किया और न ही कोई परियोजना शुरू की, फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर पूरे नेटवर्क और ठगी की रकम का पता लगाने में जुटी है तथा लोगों से अपील की है कि किसी भी प्रोजेक्ट में निवेश से पहले जमीन और दस्तावेजों की पूरी जांच जरूर करें।
आश्रम की जमीन के नाम पर करोड़ों की ठगी, दो आरोपी गिरफ्तार




