गाजियाबाद। नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ गाजियाबाद पुलिस का अभियान लगातार जारी है। ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत मसूरी थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो कथित गांजा तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, दोनों के कब्जे से कुल 7 किलो 400 ग्राम अवैध गांजा बरामद किया गया है।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
संदिग्धों की तलाश में थी पुलिस, सूचना मिलते ही बिछाया जाल
मसूरी थाना क्षेत्र में पुलिस टीम संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि इलाके में गांजे की खेप के साथ दो युवक मौजूद हैं।
सूचना के बाद पुलिस टीम ने घेराबंदी की और दोनों संदिग्धों को पकड़ लिया। तलाशी लेने पर उनके पास से भारी मात्रा में अवैध गांजा बरामद होने का दावा किया गया।
30 और 26 साल के आरोपी गिरफ्तार
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान आजाद (30) और रोहित उर्फ विराज (26) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, दोनों मसूरी थाना क्षेत्र के बड़का आरिफपुर गांव के निवासी हैं।
पुलिस का कहना है कि आजाद के पास से 3 किलो 400 ग्राम गांजा, जबकि रोहित उर्फ विराज के कब्जे से 4 किलो गांजा बरामद किया गया।
दिल्ली से लाते थे गांजा, इलाके में करते थे सप्लाई
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने कथित तौर पर नशे के कारोबार से जुड़े अहम खुलासे किए हैं। जांच में सामने आया कि दोनों दिल्ली से गांजा लाते थे और इसके बाद उसे छोटी-छोटी पुड़ियों या हिस्सों में बांटकर स्थानीय स्तर पर अधिक कीमत पर बेचने की कोशिश करते थे।
अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि गांजे की सप्लाई कहां से हो रही थी और इस नेटवर्क में कितने अन्य लोग शामिल हैं।
सप्लायर से लेकर खरीदारों तक पहुंचने की कोशिश
मसूरी पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस आरोपियों के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है। साथ ही बरामद गांजे के स्रोत, सप्लाई चेन और इसे खरीदने वाले लोगों के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के आधार पर नशे के इस कथित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों तक भी कार्रवाई पहुंच सकती है। ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।




