गाजियाबाद। इंदिरापुरम थाना पुलिस ने दोपहिया वाहन चोरी और मोबाइल स्नैचिंग की घटनाओं में कथित रूप से शामिल दो युवकों को गिरफ्तार कर एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया है, जो दिल्ली और गाजियाबाद में बाइक व स्कूटी चोरी कर उनका इस्तेमाल अपराधों में करता था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 7 मोटरसाइकिल और 2 स्कूटी समेत कुल 9 चोरी के दोपहिया वाहन बरामद किए हैं। साथ ही लूटे गए मोबाइल फोन बेचने से मिले 5,120 रुपये भी पुलिस के हाथ लगे हैं।
पुलिस के अनुसार, 2 और 3 सितंबर की रात इंदिरापुरम क्षेत्र में चेकिंग और गश्त के दौरान पुलिस टीम को मुखबिर से सूचना मिली कि दो संदिग्ध वाहन चोर ग्रीन बेल्ट स्थित सेंट फ्रांसिस स्कूल के पास मौजूद हैं। सूचना मिलते ही पुलिस ने इलाके में घेराबंदी कर दोनों युवकों को पकड़ लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हनी, निवासी मकनपुर इंदिरापुरम और वर्तमान में कोंडली, दिल्ली निवासी, तथा निखिल कुमार उर्फ नोनू, निवासी कल्याणपुरी, दिल्ली के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक हनी की उम्र करीब 19 वर्ष और निखिल की उम्र लगभग 22 वर्ष है।
चोरी की बाइक पर बदलते थे नंबर प्लेट, फिर करते थे वारदात
पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे अपने खर्चे और शौक पूरे करने के लिए दिल्ली और गाजियाबाद से बाइक व स्कूटी चोरी करते थे। पुलिस जांच में सामने आया कि चोरी किए गए वाहनों की पहचान छिपाने के लिए उनकी नंबर प्लेट बदल दी जाती थी।
इसके बाद इन्हीं वाहनों का कथित तौर पर राह चलते लोगों से मोबाइल फोन छीनने जैसी वारदातों में इस्तेमाल किया जाता था। वारदात के बाद आरोपी चोरी के वाहन और छीने गए मोबाइल फोन कम कीमत पर लोगों को बेच देते थे और उससे मिलने वाली रकम आपस में बांट लेते थे।
पहले से दर्ज हैं चोरी के मामले
एसीपी सूर्यबली मौर्य के मुताबिक, गिरफ्तार दोनों आरोपियों के कब्जे से कुल 9 दोपहिया वाहन बरामद किए गए हैं, जिनमें 7 बाइक और 2 स्कूटी शामिल हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार दोनों के खिलाफ इंदिरापुरम थाने में वाहन चोरी के दो मामले पहले से दर्ज हैं।
फिलहाल पुलिस दोनों आरोपियों के आपराधिक इतिहास को खंगाल रही है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि उनके तार किसी अन्य गिरोह या आपराधिक वारदातों से जुड़े हैं या नहीं।




