नई दिल्ली: दिल्ली-एनसीआर में कथित तौर पर सट्टेबाजी, ड्रग्स और अवैध हथियारों से जुड़े नेटवर्क को लेकर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने मंडावली निवासी विनय कुमार राय (37) और उसके कथित आपराधिक सिंडिकेट के खिलाफ महाराष्ट्र कंट्रोल ऑफ ऑर्गेनाइज्ड क्राइम एक्ट (MCOCA) के तहत मामला दर्ज किया है।
पुलिस के मुताबिक, विनय के खिलाफ वर्ष 2012 से 2026 के बीच 17 से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें जुआ और सट्टेबाजी, आर्म्स एक्ट, धमकी, लूट, पुलिसकर्मियों पर हमला और ड्रग्स से जुड़े मामले शामिल बताए गए हैं। प्रीत विहार थाने में 24 सितंबर को MCOCA के तहत दर्ज केस में पुलिस ने उसके साथ कथित तौर पर जुड़े कुछ अन्य लोगों को भी आरोपी बनाया है।
मंडावली थाने का घोषित बदमाश, दो बार तड़ीपार
पुलिस के अनुसार, विनय राय मंडावली थाने का घोषित बदमाश (BC) है। पुलिस का दावा है कि उसे आपराधिक गतिविधियों के चलते दिल्ली से दो बार तड़ीपार भी किया जा चुका है।
जांच एजेंसियों के मुताबिक, विनय का मुख्य नेटवर्क सट्टेबाजी से जुड़ा था। आरोप है कि वह अलग-अलग स्थानों पर सट्टे के अड्डे चलाने के लिए युवकों को जिम्मेदारियां देता था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस नेटवर्क का संचालन किस तरह होता था और इसमें कितने लोग जुड़े हुए थे।
तीन कथित सहयोगियों के नाम भी सामने आए
MCOCA मामले में पुलिस ने अनिल गुप्ता उर्फ लल्ला, लाला राम और अबरार उर्फ राजा के नाम भी दर्ज किए हैं।
पुलिस के मुताबिक, दक्षिण गणेश नगर निवासी अनिल गुप्ता विनय का प्रमुख सहयोगी था और सट्टे के अड्डों को संचालित करने में भूमिका निभाता था। उसके खिलाफ मंडावली थाने में जुआ अधिनियम और आर्म्स एक्ट के तहत मामले दर्ज होने की बात पुलिस ने कही है।
कल्याणपुरी निवासी लाला राम पर कथित तौर पर सट्टे के लिए पंटर जुटाने और पैसों के लेन-देन में भूमिका निभाने का आरोप है। पुलिस उसके ज्वेलरी कारोबार से जुड़े वित्तीय लेन-देन की भी जांच कर रही है। उसके खिलाफ सट्टेबाजी और चोरी का सामान खरीदने सहित पांच मामलों का उल्लेख किया गया है।
वहीं, लोनी निवासी अबरार उर्फ राजा पर दिल्ली के अलग-अलग थानों में सट्टेबाजी से जुड़े छह मामले दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है। पुलिस के अनुसार, वह विनय के लिए सट्टे का संचालन करता था।
नाबालिगों को नेटवर्क में शामिल करने का आरोप
पुलिस ने विनय पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि वह नाबालिग लड़कों को भी अपने नेटवर्क से जोड़ता था। पुलिस के मुताबिक, इन लड़कों के जरिए सट्टेबाजी, ड्रग्स और अवैध शराब से जुड़े काम कराए जाते थे।
जांच में पुलिस ने कुछ ऐसे युवकों के नाम भी सामने आने की बात कही है, जो बाद में गंभीर आपराधिक घटनाओं में आरोपी बने। इनमें रेहान उर्फ सकला, हर्ष मिश्रा, अमन कुमार और लकी भारद्वाज के नाम शामिल हैं।
पुलिस के अनुसार, इन लोगों का नाम शकरपुर में हुई एक हत्या के मामले से भी जुड़ा है। हर्ष पर मंडावली थाना क्षेत्र में पुलिसकर्मियों पर हमला करने के मामले में विनय के साथ आरोपी होने का भी दावा किया गया है।
पुलिसकर्मियों पर हमले को लेकर भी जांच
पुलिस का आरोप है कि सिंडिकेट से जुड़े लोगों ने एक एसआई और एक कांस्टेबल पर हमला किया था। जांच एजेंसी के अनुसार, इन घटनाओं के पीछे कथित तौर पर नेटवर्क का दबदबा कायम करने और विरोध करने वालों पर दबाव बनाने की मंशा थी।
हालांकि, इन सभी आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।
ड्रग्स केस में 50 हजार रुपये का इनाम
विनय राय के खिलाफ ड्रग्स से जुड़े मामले में भी पुलिस कार्रवाई कर रही है। पुलिस के मुताबिक, प्रीत विहार थाने में मार्च 2026 में दर्ज NDPS एक्ट के मामले में विनय वांछित है।
पुलिस कमिश्नर की ओर से उसकी गिरफ्तारी पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किए जाने की जानकारी दी गई है। इसी मामले में उसकी कथित सहयोगी रजिया को गिरफ्तार किया गया था।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान रजिया ने कथित तौर पर बताया कि वह विनय के निर्देश पर ड्रग्स की सप्लाई करती थी और उसे खरीद-बिक्री के लिए पैसे उपलब्ध कराए जाते थे। मंडावली थाने में दर्ज एक अन्य मामले में भी विनय के फरार होने की बात पुलिस ने कही है।
बैंक खातों में करोड़ों के लेन-देन की पड़ताल
पुलिस अब विनय की कथित आपराधिक गतिविधियों के साथ उसके वित्तीय नेटवर्क की भी जांच कर रही है। पुलिस के मुताबिक, पिछले करीब तीन से चार वर्षों के दौरान उसके बैंक खातों में दो करोड़ रुपये से अधिक के लेन-देन का पता चला है।
इसके अलावा पुलिस 10 करोड़ रुपये से ज्यादा के संदिग्ध वित्तीय लेन-देन की भी जांच कर रही है। जांच में विनय और उसके नेटवर्क से जुड़ी संपत्तियों, बैंक खातों और अन्य वित्तीय स्रोतों की पड़ताल की जा रही है।
पुलिस रिकॉर्ड में कुछ वाहनों का भी उल्लेख है। इनमें करीब 18 लाख रुपये की एक कार उसके पिता के नाम पर दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। इसके अलावा बाइक और स्कूटर से जुड़े रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।
फिलहाल पुलिस का फोकस कथित सिंडिकेट के पूरे नेटवर्क, वित्तीय लेन-देन, सट्टेबाजी के ठिकानों और ड्रग्स व अवैध हथियारों से संभावित कनेक्शन की पड़ताल पर है।




