गुरुग्राम। जिले की सोहना पुलिस ने करीब 8 करोड़ रुपये की चिटफंड ठगी के मुख्य आरोपी को लगभग नौ साल बाद आंध्र प्रदेश से गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान आंध्र प्रदेश के राजापुर निवासी लोया राजू के रूप में हुई है। वह वर्ष 2017 से फरार था और वर्ष 2019 में अदालत ने उसे भगोड़ा घोषित कर दिया था।
पुलिस के मुताबिक, लोया राजू ने अपने साथियों के साथ मिलकर एक फर्जी चिटफंड कंपनी बनाई थी। कंपनी निवेशकों को पांच साल में रकम दोगुनी और साढ़े छह साल में तीन गुना करने का झांसा देकर निवेश कराती थी। इस लालच में करीब 400 लोगों ने अपनी जमा पूंजी कंपनी में लगा दी, जिसके बाद आरोपी करीब 8 करोड़ रुपये लेकर फरार हो गए।
पीड़ितों की शिकायत पर वर्ष 2017 में सोहना थाने में आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी समेत विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया था। इसके बाद से आरोपी लगातार अपने ठिकाने बदलकर पुलिस से बचता रहा। तकनीकी साक्ष्यों और गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस को उसके आंध्र प्रदेश में होने की जानकारी मिली, जिसके बाद योजनाबद्ध कार्रवाई कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस आरोपी को ट्रांजिट प्रक्रिया पूरी करने के बाद सोहना ले आई है। अब उसे अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया जाएगा, ताकि उसके अन्य साथियों, ठगी की रकम और पूरे गिरोह के नेटवर्क के बारे में पूछताछ की जा सके।




