गाजियाबाद: नंदग्राम थाना क्षेत्र के नूर नगर में रविवार सुबह उस वक्त हड़कंप मच गया, जब 35 वर्षीय युवक का शव उसके ही घर में बिस्तर पर पड़ा मिला। युवक के शरीर पर चोट के निशान मिलने से मामला संदिग्ध हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस ने कुछ संदिग्ध लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
मृतक की पहचान नूर नगर निवासी अश्वनी उर्फ आशु के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि अश्वनी अपने दादा के साथ रहता था। उसकी मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसे लेकर पुलिस कई बिंदुओं पर जांच कर रही है।
रात में दोस्त छोड़ने आए थे, सुबह बिस्तर पर मिली लाश
परिजनों के मुताबिक, शनिवार रात अश्वनी के कुछ परिचित उसे घर छोड़ने के लिए आए थे। बताया गया है कि वे अश्वनी को घर के अंदर बिस्तर पर लिटाकर वापस चले गए। उस समय अश्वनी के दादा भी घर में मौजूद थे और वहीं सो रहे थे।
दादा के मुताबिक, रात के दौरान उन्हें घर में कुछ आवाजें सुनाई दी थीं, लेकिन उन्होंने इसे गंभीरता से नहीं लिया और दोबारा सो गए। सुबह जब उनकी आंख खुली तो अश्वनी बिस्तर पर पड़ा था। काफी देर तक कोई हलचल नहीं होने पर उन्होंने देखा तो अश्वनी की मौत हो चुकी थी।
शरीर पर चोट के निशान देखकर उन्होंने इसकी जानकारी पुलिस को दी।
दादा ने जताया मारपीट का शक
मृतक के दादा ने पुलिस के सामने आशंका जताई है कि शनिवार रात अश्वनी को घर छोड़ने आए लोगों ने उसके साथ मारपीट की। उनका आरोप है कि मारपीट के दौरान ही अश्वनी की मौत हो गई होगी और इसके बाद आरोपी उसे बिस्तर पर लिटाकर वहां से निकल गए।
हालांकि, पुलिस अभी इस आरोप की पुष्टि नहीं कर रही है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि रात में अश्वनी के साथ कौन-कौन लोग मौजूद थे और घर के अंदर वास्तव में क्या हुआ था।
फॉरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य
मामले की सूचना मिलते ही नंदग्राम पुलिस की टीम घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने मौके का निरीक्षण करने के साथ फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया। टीम ने घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं।
पुलिस ने उन लोगों की पहचान शुरू कर दी है, जो शनिवार रात अश्वनी को घर छोड़ने आए थे। इसी सिलसिले में कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस उनके बयानों और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों का मिलान कर रही है।
शराब का आदी था अश्वनी, नहीं कर रहा था काम
परिजनों के अनुसार, अश्वनी शराब का आदी था और फिलहाल कोई काम नहीं कर रहा था। पुलिस उसकी निजी जिंदगी से जुड़े पहलुओं की भी जानकारी जुटा रही है, ताकि मौत की वजह तक पहुंचा जा सके।
पुलिस के सामने फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि अश्वनी की मौत स्वाभाविक थी या उसके साथ मारपीट की गई थी। अगर मारपीट हुई तो वह किन लोगों ने की और मौत के बाद शव को बिस्तर पर किसने रखा, इन सभी सवालों के जवाब जांच के बाद ही सामने आएंगे।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलेगा मौत का राज
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से यह स्पष्ट होने की उम्मीद है कि युवक की मौत किस वजह से हुई और शरीर पर मिले चोट के निशान कितने गंभीर थे।
सहायक पुलिस आयुक्त नंदग्राम जियाउद्दीन अहमद के मुताबिक, युवक के शरीर पर चोटों के निशान पाए गए हैं। मामले में संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए हैं। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।




