दिल्ली में सॉफ्टवेयर इंजीनियर विनय गुप्ता (31) की हत्या के मामले में निहाल विहार पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। हालांकि, मृतक के परिजनों का दावा है कि वारदात में शामिल दो आरोपी अब भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। परिवार के मुताबिक, फरार आरोपियों में विनय का ससुर और उसका चचेरा भाई शामिल है।
जुड़वा बच्चों को लेकर परिवार ने जताई चिंता
विनय की बहन कीर्ति और उनके पति दिव्यांश ने बताया कि उन्होंने विनय के करीब पांच महीने 10 दिन के जुड़वा बच्चों को अपनी देखरेख में लिया है। उनका कहना है कि बच्चों का ससुराल में रहना उन्हें सुरक्षित नहीं लगा, इसलिए दोनों बच्चों को अपने पास रखा है।
विनय की मां रेनू के मुताबिक, जुड़वा बच्चों में से एक की आंख के पास दाग हो गया था। उसे दवा लगाने की बात को लेकर विनय और उसकी पत्नी रेखा के बीच विवाद शुरू हुआ था। परिवार का आरोप है कि यह विवाद बाद में हिंसा में बदल गया। परिजनों ने यह भी दावा किया कि इससे पहले रेखा के मायके से कुछ लोग घर आकर विनय को जान से मारने की धमकी दे चुके थे। परिवार ने मामले के आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की है।
शादी के बाद से विवाद का आरोप
परिजनों के मुताबिक, विनय और रेखा की शादी करीब साढ़े तीन साल पहले हुई थी। इसी साल 17 मार्च को उनके घर जुड़वा बच्चों का जन्म हुआ था। विनय की छोटी बहन स्वाती ने आरोप लगाया कि दोनों मंजिल वाले मकान की दूसरी मंजिल पर विनय और रेखा बच्चों के साथ रहते थे। उसके मुताबिक, छोटी-छोटी बातों को लेकर दोनों के बीच अक्सर विवाद होता था। परिवार का दावा है कि रेखा कई बार विवाद होने पर मायके वालों को बुलाने की धमकी देती थी।
वारदात से दो दिन पहले भी हुआ था विवाद
विनय की मां रेनू ने बताया कि वह अपने पति और बेटी के साथ मकान की पहली मंजिल पर रहती थीं, जबकि रेखा अलग खाना बनाती थी। उनका कहना है कि हत्या से दो दिन पहले भी विनय और उसकी पत्नी के बीच विवाद हुआ था। इसके बाद से विनय अपने फ्लैट में सोने नहीं जा रहा था।
परिजनों के अनुसार, वारदात वाले दिन विनय नहाने के लिए कपड़े लेने ऊपर अपने फ्लैट पर गया था। वहां उसकी पत्नी से फिर कुछ बातचीत हुई। इसके कुछ देर बाद रेखा घर से बाहर चली गई। आरोप है कि बाद में वह अपने दोनों भाइयों, पिता और कुछ अन्य लोगों के साथ वापस घर पहुंची।
पानी और नाश्ता लेने गई थी पत्नी, इसी बीच हमला
परिवार का आरोप है कि रेखा पानी और नाश्ता लेने चली गई थी। इसी दौरान उसके दोनों भाइयों ने विनय पर हमला कर दिया। परिजनों के मुताबिक, वहां मौजूद अन्य लोगों ने विनय के हाथ पकड़ लिए, जिससे वह खुद का बचाव नहीं कर सका।
विनय के पिता का आरोप है कि परिवार ने हमलावरों से उनके बेटे को छोड़ने की काफी गुहार लगाई, लेकिन किसी ने उनकी बात नहीं मानी। उनके मुताबिक, एक आरोपी ने विनय का गला दबाया, जबकि दूसरे ने उसकी छाती पर बैठकर उसे काबू में रखा। इसी दौरान विनय की मौत हो गई।
मां का आरोप- बहू ने साजिश के तहत कराई हत्या
विनय के परिजनों का आरोप है कि घटना के दौरान उसकी पत्नी रेखा मौके पर मौजूद थी, लेकिन उसने विनय को बचाने की कोशिश नहीं की। परिवार का दावा है कि वह पूरी घटना को चुपचाप देखती रही। विनय की मां ने आरोप लगाया कि उनके बेटे की हत्या अचानक हुए विवाद का नतीजा नहीं थी, बल्कि इसे सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया।
हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मामले में पुलिस की जांच जारी है और परिजनों द्वारा बताए गए फरार आरोपियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।




